मार्क कार्नी का जी20 को झटका: वैश्विक विकास पर सवाल!
बैंक ऑफ़ इंग्लैंड के प्रमुख ने जी20 की नाकामी पर बरसा गुस्सा, दुनिया भर में बहस छिड़ गई!

बैंक ऑफ़ इंग्लैंड के गवर्नर मार्क कार्नी ने जी20 देशों को सीधे-सीधे कोसा है। उन्होंने कहा कि जी20 वैश्विक अर्थव्यवस्था को सुधारने में बुरी तरह विफल रहा है, जिससे विकास की गति धीमी हो गई है। इस बयान ने अंतर्राष्ट्रीय मंच पर खलबली मचा दी है।
कार्नी ने जी20 की नीतियों पर तीखा प्रहार करते हुए कहा कि वे पुरानी सोच में फंसे हुए हैं और नए खतरों का सामना करने के लिए तैयार नहीं हैं। उन्होंने विशेष रूप से जलवायु परिवर्तन और बढ़ती असमानता को लेकर जी20 की निष्क्रियता पर सवाल उठाए। उनका कहना है कि इन मुद्दों को गंभीरता से नहीं लेने से वैश्विक विकास खतरे में है।
कार्नी ने साफ़ कहा, 'जी20 को अपनी नीतियों में बदलाव लाना होगा, वरना वैश्विक अर्थव्यवस्था गंभीर संकट में फंस सकती है।'
कार्नी के इस बयान के बाद दुनिया भर के अर्थशास्त्रियों और राजनेताओं की प्रतिक्रियाएं आ रही हैं। कुछ लोग कार्नी के विचारों का समर्थन कर रहे हैं, जबकि कुछ जी20 की नीतियों का बचाव कर रहे हैं। सोशल मीडिया पर भी इस मुद्दे पर गरमागरम बहस चल रही है, जहाँ लोग जी20 की भूमिका पर अपनी राय व्यक्त कर रहे हैं।
कुल मिलाकर, मार्क कार्नी का यह बयान वैश्विक अर्थव्यवस्था के भविष्य को लेकर एक गंभीर चेतावनी है। जी20 को अब यह तय करना होगा कि वे कार्नी की बातों को गंभीरता से लेंगे या नहीं। अगर जी20 में सुधार नहीं हुआ, तो वैश्विक विकास की राह और भी मुश्किल हो सकती है।


